बर्ष 2024 में बृषभ राशि और शनि का प्रभाब

बर्ष 2024 में बृषभ राशि और शनि का प्रभाब :

बृषभ राशि और शनि : इस बर्ष शनि का गोचर परिभ्र्मण आपकी राशि से दसवें स्थान पर रहेगा । दसवां शनि कर्म और कार्यक्षेत्र को बढ़ायेगा। काम का दबाब खूब रहेगा । कहीं न कहीं आपको काम व पारिबारिक जीबन में संतुलन बिठाना बहुत बड़ी जिम्मेदारी रहेगी । आप किसी बिशेष काम में पूरी ऊर्जा पूरी तल्लीनता से लगे रहेंगे ।

माता का स्वास्थ्य कुछ गड़बड़ रह सकता है , बाहन भी साबधानी पूर्बक चलाबे । बड़े -बुजुर्गों का स्नेह व आशीर्वाद आपको प्राप्त होगा, मित्रों का साथ व सहयोग आपको शिखर तक पहुंचाने में सहायता करेगा । इस बर्ष आप किसी जरूरतमंद मित्र की तरफ सहायता व मदद का हाथ बढ़ा सकते हैं । इस साल जून से नवंबर के मध्य शनि बक्र गति में चलायमान रहेंगे । अतः किसी पर भरोसा करना आपकी भूल ही कहि जायेगी । आपके अपने लोग ही इस समय आपके साथ बिश्वासघात कर सकते हैं । कुछ शारिरीक समस्याएँ भी झेलनी पड़ सकती हैं । भाइयों से सम्पति संबन्धी बिबाद तो होगा , लेकिन किसी की मध्यस्थता बिबाद समय रहते सुलझ भी जायेंगे । आपको चतुराई व बिबेक से काम लेना चाहिए ।

साल 2024 में बृषभ राशि और शनि के दुस्प्रभाब को कम करने के उपाय :

1)बृषभ राशि और शनि के दुस्प्रभाब को कम करने के लिए किसी भी बिद्वान ब्राम्हण द्वारा या स्वयं शनि के तंत्रोक्त , बैदिक या पौराणिक मन्त्रों के 23000 जाप करें या कराएं । शनि का तंत्रोक्त मंत्र निम्नलिखित है – “ॐ प्रां प्रीं स: शनैश्चराय नमः

2) बृषभ राशि और शनि के दुस्प्रभाब को कम करने के लिए शनिबार का ब्रत रखे । इस दिन एक समय सायंकाल में ही भोजन करें। शनि संबंधी उपचार करने के बाद उपबास खोलने पर दान अबश्य ही करना चाहिए ।

3) बृषभ राशि और शनि के दुस्प्रभाब को कम करने के लिए कीड़ी, नगरा सींचे। चीटियों को भोजन कराएं ।

4 )काला कंबल, उड़द की दाल, काले तिल, तेल,चरण पादुका (जूते ), काला बस्त्र , मोटा अनाज व लोहे के पात्र का दान करना चाहिए ।

5) शनि की पीड़ा को कम करने के लिए , 7 प्रकार के अनाज व दालों को मिश्रित करके पक्षियों को चुगाएं ।

6 )बैगनी रंग का सुगन्धित रूमाल पास में रखें ।

7) शनि मंदिर में शनि की मूर्ति पर तिल का तेल चढ़ाएं ।

8) शनि भगबान के सामने खड़े रहकर दर्शन नहीं करें, किनारे में खड़े रहकर दर्शन करें , जिससे शनि की दृष्टि आप पर नहीं पड़े ।

9 )शनि न्याय के देवता है , अतः उन्हें हाथ नहीं जोड़ा जाता । दोनों हाथ पीछे करके सिर झुका कर उन्हें नमन करें ,जिस प्रकार ब्यक्ति न्यायाधिकारी सन्मुख खड़ा होता है ।

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आचार्य प्रदीप कुमार (मो) :+91-9438741641/ 9937207157 (Call/Whatsapp)

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