नाहरसिंह वीर सवारी मंत्र साधना :
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April 7, 2021
दुर्लभ ख्वाजा पीर सट्टे मंत्र साधना :
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April 8, 2021
नाहर सिंह बीर साधना
।। नाहर सिंह बीर साधना ।।
यह नाहरसिंह वीर इतनी जबरदस्त है कि किसी भी साधक के पास किसी तरह का कोई याचिका गया उसके मनोभावों को पढ़ लेना और उसके बिना पूछे उसके सवाल का जवाब दे देना कितने भी कट्टर भूत प्रेत पिशाच इत्यादि लगे हो उनको हटा देना ठीक है और देश-विदेश की यात्रा में कोई अड़चन पढ़ रही हो तो उसको हटा देना किसी को कोई नौकरी नहीं लग रही कारोबार में रुकावट है उसके लिए यह देवता जो है इसकी साधना की जाती है और इसके तत्क्षण परिणाम भी आपको प्राप्त होते हैं ऐसा नहीं है कि आप कर रहे हो और परिणाम प्राप्त नहीं हुए इसकी साधना अपने आप में खतरनाक है क्योंकि इसमें रक्षा मंत्र की पूर्णता आवश्यकता पड़ती है और गुरु का सिर पर हाथ होना चाहिए।
यह साधना पूरे 40 दिन की है। पूरी तरह ब्रह्मचर्य को धारण करते हुए इस साधना को करना चाहिए। साधना काल में जब आप जाप करोगे तो लाल वस्त्र और लाल ही आसन धारण करना होगा। आपका मुंह या रुख पूर्व दिशा की और रहेगा । प्रतिदिन 11 माला हकीक की माला से जाप करना है।
साधना काल में पूरे 40 दिन तक आपने जमीन पर सोना है किसी से फालतू बातचीत नहीं करनी। भोजन सिर्फ शरीर चलाने के लिए करना है। और ध्यान जो है पीर के चरणों में रखना है। इस साधना में एक देसी घी का दीपक और एक सरसों के तेल का दिया जलता रहना चाहिए।
सबसे पहले आपने एक एकांत कमरे में पूर्व दिशा की ओर मुंह करके आम की पटरी रखनी है उसके ऊपर लाल कपड़ा बिछा देना है।फिर उस पर एक देसी घी का दीपक और सरसों के तेल का दिया आप को जलाना है। साथ ही फल फूल दूध से बने हुए पेड़े, एक देसी शराब का पव्वा,11 गुलाब के फूल, लोंग इलाइची के 7-7 पीस गूगल की धूप ,11 बताशे, एक जोड़ा मौली का यह भोग प्रतिदिन आपको रखना और प्रतिदिन बदल देना है। इसके निमित्त नित्य प्रति आपको देसी घी का होम करना होगा 40 दिन लगातार। और उस शराब की नित्य प्रति धार देनी है।
इस साधना काल में आपको विचित्र विचित्र अनुभूतियां आऊंगी तीसरे ही दिन से आपके आसपास किसी के होने का एहसास हो जाएगा 15 दिन के बाद परिस्थिति और भयंकर हो जाएगी और ऐसा भी हो सकता है कि अचानक कोई आकर किसी के मरने की खबर आपको दे दिया किसी के एक्सीडेंट की खबर दे दे तो ऐसा होता है कि साधना से उठाने के लिए शक्तियां अपना काम करते हैं लेकिन आपको बिल्कुल निर्भीक होकर इस पाठ को पूरा करना है।
कई बार ऐसा भी हो जाता है कि साधना में जब हम किसी साधना को छेड़ते हैं या शुरू करते हैं तो हमारी जो शारीरिक कंडीशन है वह ठीक नहीं रहती हमें कोई बीमारी हो जाती है या बुखार चढ़ जाता है या कोई चोट लग गई तो हमने किसी भी हालात में वह साधना छोड़नी नहीं है।
जब भी बीर आपके सामने आए तो आपको बीर जी से जब भी बुलाएंगे तब आने के और जो काज कहे उसे करने के वचन ले लेने हैं। साधना संपन्न होने के बाद आपको बागड़ जाना पड़ेगा और नाहरसिंह वीर के निमित्त वहां पर आपको एक काला बकरा चढ़ाना होगा।
यह साधना दो तरीकों से की जाती है आप वैष्णो तरीके से भी इस साधना को कर सकते हो लेकिन शक्ति कम प्राप्त होगी अगर आप इसे वैष्णो तरीके से करना चाहते हैं तो आपको शराब की जगह कच्चा दूध और कच्चे दूध की धार देनी पड़ेगी बस इतना ही अंतर होता है इसमें तामसिक तरीके में शराब की धार देनी पड़ेगी । आपको तामसिक तरीके से शक्ति ज्यादा प्राप्त होगी क्योंकि जब जिस देवता की हम पूजा करते हैं उसका भोग पूरा दिया जाएगा तो साधना से पूरी शक्ति प्राप्त होगी।
इस साधना के सफल होने के बाद किसी की खोई हुई क्या घर से भागे हुए किसी भी व्यक्ति के बारे में आप विस्तृत तरीके से बाबा से पूछ सकते हो भूत प्रेत आप के इशारे पर हो जाएंगे विशेषकर जिनके ऊपर डोली आती है उनको आप कंट्रोल कर पाओगे किसी को भी अपने इशारे पर किसी की भी सवारी रोक सकते हो चला सकते हो।
।।नाहर सिंह बीर मंत्र।।
“ॐ नमो आदेश गुरु को,जाग रे जाग नाहर सिंह जवान,जाहर पीर दा दीवान,लांदा पर्चे विच जहान,हत्थ विच सोहे सोने द कड़ा,जिथे सिमरा हाजर खड़ा,माता नाहरी दा जाया जदों बुलवां झटपट आया, कारज मेरा सिद्ध कराया,ना करे तो माता नाहरी दा दूध हराम, गुग्गे पीर दी आन गुरुगोरखनाथ दी आन नौ नाथा दी आन दुहाई शिवजी गौरां दी चले मन्त्र फुरो वांचा देखा बाबा नाहर सिंह तेरी कलाम दा तमाशा।” {{ बिना गुरु के इस साधना को ना करें}}
{{ मेरा आप सभी से नम्र निवेदन है, नाहर सिंह बीर साधना जनकल्याण हेतु सिद्ध करे ताकी आप सभी को जिवन मे पुण्य करने का अवसर प्राप्त हो।}}
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ज्योतिषाचार्य प्रदीप कुमार
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जय माँ कामाख्या

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