Kalah Nivaran Ke Upay

Kalah Nivaran Ke Upay :

अगर किसी घर में कलह ने अपना घर बना लिया हो और बह किसी भी प्रकार शांत न हो रहा हो, तो निम्नलिखित प्रयोग करें । शुक्ल पक्ष की सप्तमी को उल्लू को पकड़कर उसे पिंजड़े में बंद कर दें ।दो दिन तक उसे दाना पानी दें। भोजन में मांस का होना आबश्यक है । एकादशी तिथि को आधी रात के समय उल्लू के पिंजड़े को लेकर किसी नदी के जल में स्वयं तो स्नान करें ही ,उल्लू के पिंजड़े के सामने उत्तर दिशा की और मुंह करके सिद्धासन की मुद्रा में बैठ जाये तथा निम्नलिखित कलह निबारक प्रयोग मंत्र (Kalah Nivaran Ke Upay) का 11008 बार जप करें । प्रत्येक बार मंत्रोचारण के बाद उल्लू के पिंजड़े पर एक –एक फूंक मारते जाये ।

Kalah Nivaran Ke Upay Mantra :

मंत्र इस प्रकार है – “ओं नम: शिबाय , नम: शंभबाय, नम: कालकूटाय, नम: जगत्पते , नम: उलूक –राजाय , मम गृहे कलहं शान्तं कुरु कुरु ठ: ठ: स्वाहा ।”

जप पूरा हो जाने पर ,उल्लू की पूंछ से उतने पंख नोंच लें, जितनी संख्या में घर में स्त्री –पुरुष और बच्चे रहते हों ।पंख नोंचने के बाद उल्लू को उड़ा देना आबश्यक है ।इसके बाद उन पंखों को घर के प्रत्येक सदस्य की भुजा पर एक –एक पंख लाल रंग के बस्त्र में लपेटकर बाँध देना चाहिए ।इन पंखों के बांधे जाने पर रबिबार के सभी सदस्य आपस में लड़ना झगड़ना स्वयं बंद कर देंगे ।

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Acharya Pradip Kumar is the founder of Mystic Shiva Astrology and a practitioner of Vedic astrology with a solution-oriented approach. His work focuses on understanding birth charts as tools for clarity, awareness, and practical decision-making rather than fear-based predictions. Rooted in classical astrological principles and real-life experience, he emphasizes responsible guidance, timing, and conscious remedies aligned with an individual’s life path.

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