क्या सपने बीमारियों का संकेत देते हैं ?

क्या सपने बीमारियों का संकेत देते हैं ?

बीमारियों : हमारे देखे हुए हर सपने का मानव ज्योतिष के हिसाब से कुछ न कुछ मतलब होता है । कुछ सपने हमें निराशा से भर देते हैं, तो कुछ जीवन में खुशियों की सौगात लाते हैं । सपनों का संबंध शरीर से नहीं आत्मा से होता है । इसीलिए जब हम नींद में होते हैं, तब हमारा शरीर आत्मा से अलग होता है, क्योंकि आत्मा कभी सोती नहीं । जब मानव निद्रावस्था में होता है तो उसकी पाँचों ज्ञानेंद्रियाँ उसका मन और उसकी पाँचों कर्मेंद्रियाँ अपनी-अपनी क्रियाएँ करनी बंद कर देती हैं और व्यक्ति का मस्तिष्क पूरी तरह शांत रहता है । उस अवस्था में व्यक्ति को जो कुछ अनुभव होता है हम उसे स्वप्न कहते हैं । सपने में चौंकाने वाली कई खोजें और आविष्कार हुए हैं । यहां तक कि लोगों के भाग्य बदल गए हैं । हमें भी कई बार सपने में कोई संकेत मिलता है, लेकिन हम उसे समझ नहीं पाते । सपने हमारी भाषा नहीं बोलते । वह संकेतों में बात करते हैं ।
सपनों के माध्यम से हम आने वाले बीमारियों के बारे में आसानी से पता कर सकते हैं । मानव शरीर में होने वाले छोटे-मोटे फोड़े-फुंसी से तपैदिक-कैंसर तक की बीमारियों का भविष्यवाणी स्वप्न के माध्यम से की जा सकती है ।
लाल रंग की वस्तुएं देखना : रक्त विकार सम्बंधित बीमारियों में सामान्यत: रोगी सपने में लाल रंग की वस्तुएं देखा करता है ।
सपने में स्वयं को पानी पीते देखना : प्रमेह या मधुमेह बीमारियों की पूर्व सूचना सपने में पानी पीने से मिलती है ।
लकवा देखना : सपने में अगर कोई व्यक्ति अपने को लकवे के रोगी के रूप में देखे तो उस व्यक्ति को बाजू, पैर या शरीर की पेशियों में तकलीफ होने वाली होगी।
गले पर चोट देखना : टॉन्सिल या डिप्थेरिया के रोगी सपने में गले में चोट या सफेद दाग देख सकते हैं।
स्वप्न में सड़ा-गला खाना देखना : सड़ा-गला या कच्चा भोजन सपने में दिखाई देना पेट, आंत के किसी बीमारियों या गैस्ट्रिक की चेतावनी है।
स्वप्न में दालें नजर आना : जिस व्यक्ति को सपने में उड़द, मूंग या मसूर की दाल दिखाई दे या वह अपने ललाट की हड्डी देखता हो तो यह शरीर में फोड़ा या घाव होने के संकेत देते हैं।
रोग बढ़ना-घटना : इसी प्रकार, बीमारियों के बढ़ने या घटने की पूर्व सूचना भी सपनों से मिल जाती है। जैसे, प्रमेह का रोगी सपने में पानी पिए अथवा खाल या दमे का रोगी सपने में खुद को दौड़ते देखे तो उसे समझना चाहिए कि रोग बढ़ने वाला है ।
इसके विपरीत, अगर किसी रोगी को सपने में सर्प, सूर्य, चन्द्र, देवता, सफेद वस्त्र, सफेद कलश, आभूषण सज्जित स्त्री, बैल, पर्वत, दूध या बरगद का वृक्ष दिखाई पड़े तो इसका तात्पर्य यह होता है कि उसे शीघ्र ही बीमारियों से छुटकारा मिलने वाला है ।

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ज्योतिषाचार्य प्रदीप कुमार (Mob) 9937207157/ 9438741641 (Call/ Whatsapp)

Acharya Pradip Kumar is the founder of Mystic Shiva Astrology and a practitioner of Vedic astrology with a solution-oriented approach. His work focuses on understanding birth charts as tools for clarity, awareness, and practical decision-making rather than fear-based predictions. Rooted in classical astrological principles and real-life experience, he emphasizes responsible guidance, timing, and conscious remedies aligned with an individual’s life path.

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